वक़्त की खुरदुराहट
महज़
सपनों की मौत का सबब नहीं होनी चाहिए
बनने चाहिए कुछ घोंसले
जहाँ रह सके
शायरी
महज़
सपनों की मौत का सबब नहीं होनी चाहिए
बनने चाहिए कुछ घोंसले
जहाँ रह सके
शायरी
कुछ सिगरेट के धुएँ से
चाय के धब्बों से बने
अड्डे...
जहाँ रह सके
महफ़िल
उम्र सिर्फ़ झुकाए
उलझन सिर्फ़ उलझाए
प्यार सिर्फ़ डराए
नशा सिर्फ़ गिराए ...
ऐसे में
होने चाहिए कुछ
घोंसले
अड्डे
जहाँ रह सकें
कुछ सहमी सी हसरतें।
June 13, 2017
चाय के धब्बों से बने
अड्डे...
जहाँ रह सके
महफ़िल
उम्र सिर्फ़ झुकाए
उलझन सिर्फ़ उलझाए
प्यार सिर्फ़ डराए
नशा सिर्फ़ गिराए ...
ऐसे में
होने चाहिए कुछ
घोंसले
अड्डे
जहाँ रह सकें
कुछ सहमी सी हसरतें।
June 13, 2017
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